पूरे देश में शनिवार को बसंत पंचमी (Basant Panchami) का त्योहार धूमधाम से मनाया गया. इस मौके पर प्रयागराज में संगम तट पर सुबह 10 बजे तक लगभग 4.5 लाख श्रद्धालुओं ने यहां गंगा और संगम में स्नान किया. मेला प्रशासन के एक अधिकारी ने यह जानकारी दी. प्रयागराज (Prayagraj) के संगम में सरस्वती (Saraswati) की धारा की मान्यता की वजह से यहाँ हजारों श्रद्धालु सुबह से ही आस्था की डुबकी लगाते हुए नजर आए. कड़ाके की ठंड के बावजूद श्रद्धालुओं की आस्था में कोई कमी नहीं दिखी.
मेला प्रशासन ने बताया कि सुबह से ही श्रद्धालुओं का मेला क्षेत्र में आना जारी है और धूप खिली होने की वजह से दिन में भारी संख्या में लोग यहाँ आ रहे हैं.
प्रशासन के मुताबिक़, बसंत पंचमी पर बड़ी संख्या में श्रद्धालुओं के आने के मद्देनजर पुलिस ने मेला क्षेत्र में आठ नए खोया-पाया केंद्र बनाए हैं जिन्हें विभिन्न सेक्टरों में स्नान घाट पर पहले से बने वाच टावर के पास स्थापित किया गया है. उन्होंने बताया कि केंद्रीय भूले-भटके शिविर को पीले हवाई गुब्बारे से चिह्नित किया गया है
वहीं, देश के कोने-कोने से आने वाले श्रद्धालु ज्ञान और विद्या की देवी सरस्वती की आराधना करते हुए गंगा में डुबकी लगाकर ज्ञान व सदबुद्धि की कामना कर रहे हैं. हालांकि इस दौरान भारी भीड़ के कारण कोविड-19 गाइडलाइन की धज्जियां उड़ते हुए भी देखा गया.
