Congress CWC Meeting Delhi 2023: कांग्रेस ने अगले साल होने वाले लोकसभा चुनाव के लिए अपनी तैयारियां तेज कर दी हैं। इसी कड़ी में वह अपने स्थापना दिवस पर नागपुर में एक विशाल रैली आयोजित करेगी। यह बात दिल्ली में गुरुवार को हुई कांग्रेस कार्यसमिति की पार्टी मुख्यालय पर हुई बैठक के बाद राष्ट्रीय अध्यक्ष मल्लिकार्जुन खरगे ने कही।

’18वीं लोक सभा के चुनाव हमारे सामने खड़े हैं’
खरगे ने कहा कि 18वीं लोक सभा के चुनाव हमारे सामने खड़े हैं। इसी संबंध में 19 दिसंबर 2023 को I.N.D.I.A गठबंधन की चौथी बैठक दिल्ली में हुई। इस दौरान हम कई दिशाओं में आगे बढ़े हैं। हमने पांच सदस्य वाली एक राष्ट्रीय समन्वय समिति ( National Alliance Committee) का गठन किया है, जो अन्य दलों के साथ गठबंधन की रूप-रेखा तय करेगी।
कांग्रेस अध्यक्ष ने कहा कि लोक सभा चुनाव की तैयारियों के मद्देनजर लगभग 24 राज्यों के साथ समीक्षा बैठक हो चुकी है। हम लोक सभा सीटों पर जल्द ही कोऑर्डिनेटर्स भी नियुक्त करेंगे।
कांग्रेस के स्थापना दिवस पर नागपुर में होगी विशाल रैली
खरगे ने कहा कि कांग्रेस के 138वें स्थापना दिवस पर 28 दिसंबर को नागपुर में विशाल रैली आयोजित की जाएगी। इस रैली से एक नया संदेश जाएगा। यह रैली ऐतिहासिक होगी।
कांग्रेस अध्यक्ष ने कहा कि पार्टी ने अपनी लड़ाई को और मज़बूत करने के लिए एक बार फिर से जनता से उनका योगदान लेने के लिए उनके दरवाजे पर दस्तक दी है और Donate for Desh क्राउड फंडिग के कार्यक्रम की शुरुआत की है। उन्होंने नेताओं और कार्यकर्ताओं से अनुरोध किया कि वे इस मुहिम के बारे में संगठन और लोगों को अवगत कराएं।
लोकतंत्र का गला घोंट रही बीजेपी
खरगे ने कहा कि दुनिया में सबसे बड़े लोकतंत्र की हमारी मिसाल संकट में है। पूरा देश देख रहा है कि बीजेपी बिना चर्चा-बहस के अहम विधेयकों को मनमाने ढंग से पास कराने के लिए लोकतंत्र का गला घोंट रही है। उन्होंने कहा कि संसद को सत्ता पक्ष के प्लेटफार्म के रूप में बदलने का षड्यंत्र चल रहा है। मौजूदा संसद सत्र में अब तक दोनों सदनों में हमारे I.N.D.I.A गठबंधन के 143 सांसदों का जिस तरह निलंबन किया गया है, वो दुर्भाग्यपूर्ण है। मोदी सरकार विपक्ष की गैर मौजूदगी में तमाम अहम विधेयकों को पारित करा कर संसद की मर्यादा के खिलाफ काम कर रही है।
‘सरकार ने संविधान, संसद और लोकतंत्र को खतरे में डाला’
कांग्रेस अध्यक्ष ने आरोप लगाया कि चुनाव आयोग जैसी संस्थाओं को अपने कब्जे में करने की कोशिश के साथ सरकार ने संविधान, संसद और लोकतंत्र को भी खतरे में डाल दिया है। उन्होंने कहा कि संसद सत्र में विपक्ष ने पूरा सहयोग दिया, लेकिन 13 दिसंबर को संसद में हुई घटना के बाद विपक्षी सांसद गृह मंत्री का बयान देने और इस मुद्दे पर दोनों सदनों में व्यापक चर्चा की मांग कर रहे थे, जिसे सरकार ने प्रतिष्ठा का सवाल बना लिया।
खरगे ने कहा कि सबसे बड़ी चुनौती यह है कि जिन पर विपक्षी सांसदों को संरक्षण देने का जिम्मा है, वैसे संवैधानिक पदों पर बैठे लोग खुद दलगत राजनीति का हिस्सा बन जाति, क्षेत्र और व्यवसाय को ढाल बना कर राजनीति कर रहे हैं। वह संविधान के तहत मिले दायित्वों को पूरा करने में विफल रहे हैं। पूरा देश इसे देख रहा है।
‘देशभक्ति हमारे खून और डीएनए में है’
खरगे ने कहा कि हमारा 138 सालों का त्याग बलिदान औऱ संयम का इतिहास रहा है। देशभक्ति हमारे खून और डीएनए में है। अंग्रेजों के राज में भी हमारे पुरखों ने डरना और झुकना नहीं सीखा। उन्होंने कहा कि सरकारी पक्ष महान नायकों को बदनाम करने से लेकर इतिहास को तोड़-मरोड़ कर अपने स्वार्थों के लिए पिछले 10 सालों से जनता को गुमराह करने का प्रयास कर रहा है। हमें संयत और मर्यादित भाषा में सत्य के सहारे उनका जवाब देना होगा। वही काम हम सदन में भी कर रहे है। हमारी विचारधारा इस बात की इजाजत नहीं देती कि हम उनकी तरह झूठ बोलें और वही काम करें, जो आज ये सरकार कर रही है।
कांग्रेस अध्यक्ष ने कहा कि अहंकार, पाप और झूठ की उम्र बहुत कम होती है, लेकिन सत्य अजर अमर होता है। हमारे नायकों ने जो रास्ता हमें सिखाया है, उसी सच्चाई की राह पर चलते हुए, बहुत धैर्य और संयम के साथ अलोकतांत्रिक शक्तियों को परास्त करना है। उन्होंने कहा कि मुझे पूरा विश्वास है कि जनता को न्याय दिलाने के संघर्ष के साथ हम विजय हासिल करेंगे। हमें उन बुनियादी मुद्दों पर हमेशा गौर करना है जिसको यह सरकार किनारे रखने का हर संभव प्रयास कर रही है।
‘चंद कारोबारियों के हाथों बेची जा रही देश की संपदा’
खरगे ने आरोप लगाया कि देश की संपदा को चंद कारोबारियों के हाथों सौंपी जा रही है। हमें बेरोजगारी, महंगाई, आम लोगों के सवालों को आगे रखना है। उन सवालों को हमें नहीं भूलना है, जिन पर आगे की राजनीति प्रभावित होगी। जातिगत जनगणना और महिला आरक्षण अहम मुद्दा रहेगा। हम चाहते है कि महिला आरक्षण तत्काल लागू हो और ओबीसी महिलाओं को आरक्षण के दायरे में लाया जाए।
कांग्रेस अध्यक्ष ने कहा कि पिछले कई महीनों से पार्टी के सभी नेता और कार्यकर्ता एक स्वर में लगातार एक मांग मेरे सामने रखते है कि राहुल गांधी जी से पूर्व से पश्चिम भारत जोड़ो यात्रा करने का आग्रह करें। मैं कार्यसमिति में राहुल जी के समक्ष यह बात रखता हूं और निर्णय आप सभी पर छोड़ता हूं।
सोनिया-राहुल भी बैठक में रहे मौजूद
कांग्रेस अध्यक्ष खरगे द्वारा बुलाई गई कार्यसमिति की बैठक में सोनिया गांधी, राहुल गांधी और प्रियंका गांधी समेत कई नेता शामिल हुए। यह बैठक हाल ही में पांच राज्यों में हुए विधानसभा चुनाव के बाद हो रही है, जिसमें बीजेपी ने कांग्रेस से छत्तीसगढ़ और राजस्थान की सत्ता छीन ली।
